लखनऊ। राजधानी लखनऊ के मानकनगर थाना क्षेत्र से महिला को शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाने, गाली-गलौज करने, धमकी देने और रुपये मांगने के आरोप में पुलिस ने 28 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ महिला की शिकायत पर पिछले महीने मुकदमा दर्ज किया गया था। सोमवार, 7 सितंबर 2026 को मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों से इनकार किया और अपनी सफाई न्यायालय के समक्ष अधिवक्ता के माध्यम से रखने की बात कही।
यह कार्रवाई पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ के मध्य जोन के मानकनगर थाना क्षेत्र में की गई। पुलिस के अनुसार मामले की विवेचना वरिष्ठ उपनिरीक्षक लालजी पाण्डेय द्वारा की जा रही है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से अदालत के आदेश पर उसे जेल भेज दिया गया।
महिला की शिकायत पर दर्ज हुआ था मुकदमा
पुलिस द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार, पीड़ित महिला ने 7 अगस्त 2026 को थाना मानकनगर में शिकायत दर्ज कराई थी। महिला ने आरोप लगाया था कि सौरभ यादव नामक युवक ने उसे शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। शिकायत में महिला ने आरोपी पर गाली-गलौज करने, धमकी देने और रुपये मांगने के भी आरोप लगाए थे।
शिकायत के आधार पर मानकनगर थाने में मुकदमा अपराध संख्या 43/2026 दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 69, 308(2), 351(3) और 352 के तहत मुकदमा दर्ज किया था। बाद में पुलिस की कार्रवाई के दौरान आरोपी के विरुद्ध धारा 69, 351(3) और 352 BNS के अपराध में गिरफ्तारी की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने शिकायत के आधार पर विवेचना शुरू की। पुलिस के अनुसार विवेचना की जिम्मेदारी वरिष्ठ उपनिरीक्षक लालजी पाण्डेय को दी गई है। पुलिस अब मामले से जुड़े तथ्यों, शिकायत में लगाए गए आरोपों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया कर रही है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने दबोचा
मानकनगर पुलिस के अनुसार, आरोपी की गिरफ्तारी सोमवार 7 सितंबर को मुखबिर की खास सूचना के आधार पर की गई। सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी सौरभ यादव को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान सौरभ यादव पुत्र ज्ञान सिंह यादव, निवासी ग्राम अजमत नगर, थाना काकोरी, जनपद लखनऊ के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक आरोपी की उम्र करीब 28 वर्ष है।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी से मामले के संबंध में पूछताछ भी की। हालांकि पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपी ने अपने ऊपर लगे आरोपों को स्वीकार नहीं किया। आरोपी ने खुद को निर्दोष बताते हुए अपनी सफाई न्यायालय के समक्ष रखने की बात कही।
यह बिंदु मामले में महत्वपूर्ण है, क्योंकि पुलिस की ओर से दर्ज मुकदमा और महिला द्वारा लगाए गए आरोप अभी न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा हैं। आरोपी द्वारा आरोपों से इनकार किए जाने के बाद अब मामले में उपलब्ध साक्ष्यों और विवेचना के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
न्यायालय के आदेश पर जेल भेजा गया
पुलिस द्वारा गिरफ्तारी की कार्रवाई पूरी करने के बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। पुलिस प्रेस नोट के मुताबिक, न्यायालय के आदेश के बाद आरोपी को जेल भेज दिया गया है।
गौर करने वाली बात यह है कि गिरफ्तारी किसी व्यक्ति के दोषी सिद्ध होने के समान नहीं होती। इस मामले में महिला की ओर से लगाए गए आरोपों के आधार पर मुकदमा दर्ज हुआ है और पुलिस विवेचना कर रही है। आरोपी ने भी पूछताछ के दौरान आरोपों से इनकार किया है। इसलिए मामले में अंतिम निष्कर्ष न्यायिक प्रक्रिया और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही सामने आएगा।
किन धाराओं में दर्ज हुआ मामला?
पुलिस के मुताबिक मानकनगर थाने में दर्ज मुकदमे में BNS की विभिन्न धाराओं को शामिल किया गया है। इनमें धारा 69 के अलावा धारा 308(2), 351(3) और 352 का उल्लेख पुलिस प्रेस नोट में किया गया है।
धारा 69 ऐसे मामलों से संबंधित है जिनमें छल या झूठे वादे आदि के माध्यम से यौन संबंध बनाने के आरोप शामिल हो सकते हैं। वहीं, मुकदमे में शामिल अन्य धाराएं शिकायत में बताए गए धमकी, रुपये की मांग और गाली-गलौज से जुड़े आरोपों के संदर्भ में लगाई गई हैं। हालांकि किसी विशेष धारा का अंतिम कानूनी प्रभाव और उसकी पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया में सामने आने वाले तथ्यों एवं साक्ष्यों पर निर्भर करेगी।
पुलिस टीम ने की गिरफ्तारी
मानकनगर पुलिस की जिस टीम ने आरोपी को गिरफ्तार किया, उसमें वरिष्ठ उपनिरीक्षक लालजी पाण्डेय और आरक्षी दीपक कुमार शामिल रहे।
पुलिस के अनुसार, वरिष्ठ उपनिरीक्षक लालजी पाण्डेय थाना मानकनगर में इस मामले की विवेचना भी कर रहे हैं। मुखबिर से सूचना मिलने के बाद टीम ने आरोपी को गिरफ्तार करने की कार्रवाई की और इसके बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई।
अब आगे क्या होगा?
आरोपी के जेल भेजे जाने के बाद मामले की कानूनी प्रक्रिया आगे जारी रहेगी। पुलिस की विवेचना में शिकायतकर्ता के आरोपों, आरोपी के बयान, उपलब्ध दस्तावेजों, परिस्थितिजन्य तथ्यों और अन्य साक्ष्यों की जांच की जाएगी। विवेचना के दौरान यदि अन्य तथ्य सामने आते हैं तो उनके आधार पर भी कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
मामले में आरोपी ने अपने ऊपर लगे आरोपों को स्वीकार नहीं किया है। पुलिस के मुताबिक उसने अपनी सफाई अधिवक्ता के माध्यम से न्यायालय के समक्ष रखने की बात कही है। ऐसे में आगे की कार्रवाई न्यायालय और विवेचना में सामने आने वाले तथ्यों पर निर्भर करेगी।
महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों पर पुलिस की नजर
राजधानी लखनऊ में महिलाओं से संबंधित शिकायतों को लेकर पुलिस लगातार कार्रवाई करती रही है। शादी का झांसा देकर संबंध बनाने, धमकी देने, आर्थिक दबाव बनाने या किसी महिला के साथ दुर्व्यवहार से जुड़े आरोपों में शिकायत मिलने के बाद पुलिस मामले की जांच करती है और साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई आगे बढ़ाती है।
मानकनगर का यह मामला भी इसी क्रम में सामने आया है। महिला ने अगस्त में शिकायत दर्ज कराई थी और लगभग एक महीने बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने की जानकारी दी है। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया और अदालत के आदेश पर जेल भेज दिया गया।
फिलहाल इस प्रकरण में सबसे महत्वपूर्ण पहलू यह है कि महिला की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज हुआ, पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया, जबकि आरोपी ने पूछताछ में आरोपों से इनकार किया है। इसलिए मामले की पूरी तस्वीर विवेचना और न्यायालय में होने वाली आगे की सुनवाई के बाद ही स्पष्ट होगी।
पुलिस ने जारी किया प्रेस नोट
पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ की ओर से जारी प्रेस नोट संख्या 1629 में इस गिरफ्तारी की जानकारी दी गई है। प्रेस नोट में आरोपी का नाम, पता, उम्र, मुकदमे का विवरण, लगाए गए आरोपों से संबंधित धाराएं और गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम का विवरण दिया गया है।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी सौरभ यादव का उल्लेख इस मामले में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 43/2026 के तहत किया गया है। प्रेस नोट में इसी मुकदमे को आरोपी के आपराधिक इतिहास के रूप में भी दर्शाया गया है।
फिलहाल आरोपी न्यायालय के आदेश के बाद जेल भेजा जा चुका है और मामले की विवेचना वरिष्ठ उपनिरीक्षक लालजी पाण्डेय द्वारा की जा रही है। आगे जांच में सामने आने वाले तथ्यों और न्यायालय की कार्यवाही के आधार पर यह तय होगा कि मामले में आरोप किस तरह साबित होते हैं या आरोपी को अपनी सफाई में क्या राहत मिलती है।
नोट: यह खबर पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ द्वारा जारी प्रेस नोट में उपलब्ध जानकारी के आधार पर तैयार की गई है। इसमें महिला द्वारा लगाए गए आरोपों और पुलिस की कार्रवाई का उल्लेख है। आरोपी ने पूछताछ के दौरान आरोपों से इनकार किया है। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायालय में होने वाली प्रक्रिया और साक्ष्यों के आधार पर होगी।
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