लखनऊ, 17 सितंबर 2026। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर भगवान विश्वकर्मा की जयंती पर सार्वजनिक अवकाश और लखनऊ में भव्य भगवान विश्वकर्मा मंदिर के निर्माण का वादा किया है। उन्होंने कहा कि भविष्य में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर इस दिशा में काम किया जाएगा।
अखिलेश यादव ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान विश्वकर्मा निर्माण और शिल्पकला के प्रतीक हैं। उन्होंने प्रस्ताव रखा कि लखनऊ के रिवरफ्रंट पर भगवान विश्वकर्मा का भव्य और आधुनिक मंदिर बनाया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि विश्वकर्मा जयंती पर छुट्टी बहाल करने का काम किया जाएगा।
कारीगरों और शिल्पकारों के लिए विशेष योजनाओं का ऐलान
सपा अध्यक्ष ने विश्वकर्मा समाज के कारीगरों और शिल्पकारों के लिए विशेष योजनाएं और बजट उपलब्ध कराने की बात कही। उनके अनुसार, कारीगरों के उत्पादों की बिक्री के लिए बाजार और उत्पादन से जुड़ी सुविधाओं को बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि निर्माण और शिल्प से जुड़े लोगों को सम्मान और सहयोग देने पर जोर रहेगा।
पूर्व मंत्री रामाश्रय कुशवाहा समेत कई नेताओं ने थामा सपा का दामन
कार्यक्रम के दौरान पूर्व मंत्री प्रोफेसर डॉ. रामाश्रय कुशवाहा ने भारतीय जनता पार्टी छोड़कर समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। सपा नेताओं ने उनका स्वागत किया और पार्टी में शामिल होने पर अभिनंदन किया।
इसके अलावा विभिन्न राजनीतिक दलों से जुड़े कई नेताओं और पदाधिकारियों के समाजवादी पार्टी में शामिल होने की जानकारी दी गई। इनमें अशोक अग्रवाल, विजय कुमार सिंह, अंशु दुबे, अनूप कश्यप, कौशल किशोर पटेल, उदय शंकर पटेल, राजकुमार सागर, मनोज कुमार निषाद, अविनाश निषाद, शिव प्रसाद निषाद, आशिक अली, रवि पटेल, शबी अली खान, आरिफ खान, रईस अधिवक्ता और हारून खान के नाम शामिल हैं।
अखिलेश यादव ने सभी नए सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा कि उनके शामिल होने से पार्टी को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया।
आईटीआई अनुदेशकों की स्थायी भर्ती का मुद्दा भी उठा
कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में अनुदेशकों की स्थायी भर्ती का मुद्दा भी उठाया गया। अभ्यर्थियों की ओर से बताया गया कि वर्ष 2021 और 2022 की भर्ती प्रक्रिया से जुड़े मामलों के साथ-साथ स्थायी नियुक्तियों की मांग लंबे समय से लंबित है।
अभ्यर्थियों ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपकर भर्ती और नियुक्ति से जुड़े मुद्दे उठाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि कई अभ्यर्थियों के पास पांच से छह वर्ष का अनुभव है, लेकिन स्थायी भर्ती के अवसरों को लेकर वे अब भी इंतजार कर रहे हैं।
एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता पर अखिलेश यादव ने उठाए सवाल
अखिलेश यादव ने अपने संबोधन में उत्तर प्रदेश के विभिन्न एक्सप्रेसवे की निर्माण गुणवत्ता और रखरखाव पर भी सवाल उठाए। उन्होंने बुंदेलखंड, पूर्वांचल और लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे का उल्लेख करते हुए सड़क धंसने, गड्ढों और मरम्मत से जुड़ी खबरों पर सरकार को घेरा।
उन्होंने कहा कि एक्सप्रेसवे के निर्माण के बाद भी कई जगह मरम्मत का काम जारी है। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और सरकारी निगरानी को लेकर सवाल उठाए।
कार्यक्रम में प्रस्तुत एक वीडियो में गंगा एक्सप्रेसवे और लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के कुछ हिस्सों में सड़क क्षति तथा मरम्मत के दृश्य दिखाए गए। वीडियो में निर्माण एजेंसियों और संबंधित अधिकारियों के पक्ष का भी उल्लेख किया गया।
निष्कर्ष: विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर अखिलेश यादव ने धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत, कारीगरों के कल्याण, रोजगार और बुनियादी ढांचे की गुणवत्ता से जुड़े मुद्दों पर अपनी पार्टी का रुख सामने रखा। विश्वकर्मा जयंती पर अवकाश और मंदिर निर्माण की घोषणा उनके संबोधन का प्रमुख विषय रही।
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