गोमतीनगर के विनम्रखंड में युवक की पीट-पीटकर हत्या के मामले में अपराध शाखा, स्वाट और विभूतिखंड पुलिस की संयुक्त कार्रवाई, एक आरोपी अब भी फरार
लखनऊ। राजधानी लखनऊ के विभूतिखंड थाना क्षेत्र में हुए चर्चित शिवम सिंह हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। अपराध शाखा लखनऊ, स्वाट/सर्विलांस टीम (पूर्वी) और थाना विभूतिखंड की संयुक्त टीम ने हत्या के मामले में वांछित तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त आलाकत्ल (पत्थर) भी बरामद किया है। मामले में एक अन्य आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।पुलिस के अनुसार, 25 और 26 मई 2026 की दरम्यानी रात गोमतीनगर स्थित लखनऊ पब्लिक स्कूल, विनम्रखंड के पास कुछ युवकों ने मिलकर शिवम सिंह उर्फ शिव स्वयं सिंह (30 वर्ष) पर हमला कर दिया था। आरोपियों ने उसे गंभीर रूप से घायल करने के बाद मौके पर ही छोड़ दिया और फरार हो गए। घायल अवस्था में शिवम को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान 27 मई को उसकी मौत हो गई।मृतक के भाई सौरभ सिंह निवासी धौरहरा, अयोध्या की तहरीर पर थाना विभूतिखंड में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ के वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में विशेष टीमों का गठन किया गया।जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तथा अन्य तकनीकी और भौतिक साक्ष्य जुटाए। जांच में चार आरोपियों के नाम सामने आए, जिनमें शान्तनु उर्फ अंकित रावत, हनी तिवारी उर्फ विवेक, विवेक सिंह और अनुज सिंह शामिल थे।पुलिस ने 29 मई को पर्याप्त साक्ष्यों के आधार पर शान्तनु उर्फ अंकित रावत, हनी तिवारी उर्फ विवेक और विवेक सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद उनकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया पत्थर भी बरामद कर लिया गया। वहीं, चौथा आरोपी अनुज सिंह अभी फरार है और उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है।### गिरफ्तार आरोपी1. शान्तनु उर्फ अंकित रावत निवासी डालीगंज क्रॉसिंग, अलीगंज, लखनऊ2. हनी तिवारी उर्फ विवेक निवासी सेक्टर-बी, अलीगंज, लखनऊ3. विवेक सिंह निवासी ग्राम नर्वे, थाना बरदह, जनपद आजमगढ़### बरामदगी* हत्या में प्रयुक्त एक पत्थर (आलाकत्ल)### पुलिस जांच में सामने आया आपराधिक रिकॉर्डगिरफ्तार आरोपियों में शान्तनु उर्फ अंकित रावत और हनी तिवारी के खिलाफ पहले से ही हत्या के प्रयास, लूट, गैंगस्टर एक्ट, आर्म्स एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार शान्तनु पर लखनऊ और सीतापुर में एक दर्जन से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं, जबकि हनी तिवारी के खिलाफ भी कई संगीन मामले दर्ज हैं।### पुलिस टीम की सराहनीय भूमिकाइस सनसनीखेज हत्याकांड के खुलासे में थाना विभूतिखंड प्रभारी निरीक्षक अमर सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक सैय्यद अब्बास रजा, उपनिरीक्षक मोहित कुमार, सिद्धांत सिंह, ज्ञान प्रकाश सिंह सहित अपराध शाखा, स्वाट और सर्विलांस टीम (पूर्वी) की महत्वपूर्ण भूमिका रही।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपी की गिरफ्तारी और घटना में शामिल अन्य संभावित व्यक्तियों की भूमिका की जांच जारी है। जल्द ही पूरे मामले का पूर्ण खुलासा किया जाएगा।













