yogi-adityanath-congress-sp-ram-mandir-raebareli

रायबरेली/उत्तर प्रदेश। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर तीखा राजनीतिक हमला बोलते हुए कहा कि अच्छी सरकार बिना भेदभाव के काम करती है और समाज के सभी वर्गों को योजनाओं का लाभ देती है। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने सामाजिक प्रतिनिधित्व, राम मंदिर आंदोलन, अयोध्या की विरासत, कानून-व्यवस्था, मनुस्मृति, कांग्रेस परिवारवाद और रायबरेली में विकास कार्यों समेत कई मुद्दों पर विपक्ष को घेरा।

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ जाति के आधार पर नहीं दिया जाता। उन्होंने रसोइयों, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों का उदाहरण देते हुए कहा कि इन वर्गों में सभी जातियों के लोग शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि जिन महापुरुषों के स्मारक बनाए जा रहे हैं, वे किसी एक जाति तक सीमित नहीं हैं।

‘अच्छी सरकार बिना भेदभाव के काम करती है’

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि अच्छी सरकार का मूल मंत्र बिना भेदभाव के सभी लोगों तक सरकारी योजनाओं और विकास का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों में समाज के अलग-अलग वर्गों को समान अवसर और सुविधाएं देने पर जोर है।

योगी ने विपक्ष के उन आरोपों को खारिज करने की कोशिश की, जिनमें सरकार पर जातीय आधार पर भेदभाव करने के आरोप लगाए जाते रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार के विभिन्न विभागों और योजनाओं में काम करने वाले लोगों में सभी जातियों की भागीदारी है।

राम मंदिर को लेकर कांग्रेस और सपा पर निशाना

मुख्यमंत्री ने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की कथित पीड़ा यह है कि अयोध्या में राम मंदिर क्यों बन गया, जबकि समाजवादी पार्टी के लिए भी यह मुद्दा राजनीतिक रूप से असहज करने वाला है।

योगी आदित्यनाथ ने राम मंदिर आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि लंबे समय तक राम भक्तों ने ‘रामलला हम आएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे’ का संकल्प लेकर आंदोलन किया। उन्होंने दावा किया कि अवध क्षेत्र के गांव-गांव से लोगों ने इस आंदोलन में भागीदारी की थी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कई लोगों ने यह संकल्प लिया था कि जब तक भगवान राम दोबारा अपने स्थान पर विराजमान नहीं होंगे, तब तक वे कुछ पारंपरिक सुविधाओं का त्याग करेंगे। उनके मुताबिक, राम मंदिर निर्माण के साथ यह संकल्प पूरा हुआ।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली डबल इंजन सरकार के कार्यकाल में अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण पूरा हुआ और अब अयोध्या देश-दुनिया के सामने नई पहचान के साथ उभर रही है।

‘अयोध्या की विरासत को अपमानित करने की कोशिश’

योगी आदित्यनाथ ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी लगातार अयोध्या और प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत का अपमान कर रही हैं। उन्होंने कहा कि विपक्षी दलों ने पहले प्रदेश को योजनाओं और विकास से वंचित रखा।

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों के समय युवाओं की नौकरियों, महिलाओं की सुरक्षा और प्रदेश की कानून-व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर गंभीर समस्याएं थीं। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की पहचान पहले दंगे, कर्फ्यू, भ्रष्टाचार, गरीबी और बदहाली से जोड़कर देखी जाती थी, जबकि आज प्रदेश अपनी नई पहचान के साथ आगे बढ़ रहा है।

कांग्रेस पर परिवारवाद का आरोप

योगी आदित्यनाथ ने रायबरेली और अमेठी की राजनीति का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर परिवारवाद का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक इन क्षेत्रों में कांग्रेस और कांग्रेस से जुड़े लोगों ने जनप्रतिनिधि के रूप में नेतृत्व किया, लेकिन स्वतंत्रता आंदोलन के क्रांतिकारियों और स्थानीय नायकों को अपेक्षित सम्मान नहीं मिला।

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस में सम्मान को एक परिवार तक सीमित रखने की मानसिकता रही है। उन्होंने समाजवादी पार्टी पर भी परिवारवाद का आरोप लगाते हुए पार्टी के एक परिवार से कई सांसद होने को लेकर निशाना साधा।

उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों को केवल परिवार या सीमित समूह के बजाय पूरे समाज और प्रदेश के हितों को प्राथमिकता देनी चाहिए।

सपा पर कानून-व्यवस्था को लेकर हमला

मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी को लेकर अपने भाषण में कानून-व्यवस्था का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व की सरकारों के दौरान प्रदेश में अपराध और अव्यवस्था का माहौल था।

योगी ने आरोप लगाया कि उस दौर में गरीबों की जमीन पर कब्जे, व्यापारियों से वसूली और महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े मामलों ने प्रदेश की छवि को प्रभावित किया। उन्होंने समाजवादी पार्टी पर ऐसे तत्वों को संरक्षण देने का आरोप लगाया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति में सुधार हुआ है और प्रदेश अब विकास तथा निवेश की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

मनुस्मृति के मुद्दे पर राहुल गांधी को जवाब

अपने संबोधन में योगी आदित्यनाथ ने मनुस्मृति को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि किसी को मनुस्मृति को मानना है या नहीं मानना है, यह उसकी अपनी विचारधारा हो सकती है, लेकिन इस विषय पर बहस तथ्यों के आधार पर होनी चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मनुस्मृति की अच्छाइयों और आलोचनाओं दोनों पर चर्चा की जानी चाहिए। उन्होंने प्राचीन भारतीय ग्रंथों में मनु से जुड़े संदर्भों का उल्लेख करते हुए कहा कि भारतीय परंपरा में मनु का ऐतिहासिक और धार्मिक संदर्भ महत्वपूर्ण रहा है।

उन्होंने कहा कि मनु से जुड़ी काल गणना की परंपरा का उल्लेख भारतीय धार्मिक परंपराओं में मिलता है। अपने भाषण में मुख्यमंत्री ने निमेष, काष्ठा, कला, मुहूर्त, अहोरात्र, पक्ष, माह, अयन और वर्ष जैसी पारंपरिक काल-गणना इकाइयों का उल्लेख किया।

योगी ने आगे भारतीय धार्मिक परंपरा में युग, मन्वंतर और कल्प जैसी दीर्घकालिक काल-गणना का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह भारतीय सभ्यता की प्राचीन ज्ञान परंपरा का हिस्सा है।

‘राम की विरासत को भी अपमानित किया’

मनुस्मृति के मुद्दे को राम मंदिर से जोड़ते हुए मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर राम की विरासत को लेकर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाए, वे आज अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के बाद बदले हुए राजनीतिक और सामाजिक माहौल को देख रहे हैं।

योगी ने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं बल्कि लंबे समय से चले आ रहे एक आंदोलन और संकल्प की परिणति के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है।

रायबरेली के विकास को लेकर सरकार की उपलब्धियां गिनाईं

मुख्यमंत्री ने रायबरेली में विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए आधुनिक रेल कोच फैक्ट्री को प्रदेश और देश के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि रायबरेली की मॉडर्न कोच फैक्ट्री अब जिले की पहचान बन चुकी है।

योगी आदित्यनाथ ने दावा किया कि वर्ष 2025-26 में मॉडर्न कोच फैक्ट्री में रिकॉर्ड उत्पादन हुआ और बड़ी संख्या में कोच तैयार किए गए। उन्होंने मई 2026 में वंदे भारत ट्रेन सेट के निर्माण और रोल आउट का भी उल्लेख किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप रायबरेली में वंदे भारत ट्रेन सेट का निर्माण होना जिले के लिए गौरव की बात है। उनके मुताबिक, इससे रायबरेली की पहचान केवल उत्तर प्रदेश ही नहीं बल्कि पूरे देश में मजबूत हुई है।

विकास बनाम विरासत की राजनीति पर जोर

योगी आदित्यनाथ के पूरे संबोधन में विकास और सांस्कृतिक विरासत को लेकर सरकार की उपलब्धियों को विपक्ष की राजनीति के मुकाबले रखने की कोशिश दिखाई दी। उन्होंने एक ओर सरकार की योजनाओं को जाति से ऊपर बताते हुए ‘सबका लाभ’ देने की बात कही, वहीं दूसरी ओर राम मंदिर, अयोध्या, मनुस्मृति और भारतीय परंपरा जैसे सांस्कृतिक मुद्दों को विपक्षी दलों पर राजनीतिक हमले के लिए इस्तेमाल किया।

मुख्यमंत्री ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश अब कानून-व्यवस्था, विकास, रोजगार और बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है। साथ ही उन्होंने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर परिवारवाद, तुष्टिकरण और पिछली सरकारों की कथित विफलताओं को लेकर लगातार निशाना साधा।

राजनीतिक संदेश साफ

योगी आदित्यनाथ के इस संबोधन में तीन प्रमुख राजनीतिक संदेश नजर आए—पहला, सरकार की योजनाओं को जाति से ऊपर और सभी वर्गों के लिए बताना; दूसरा, राम मंदिर और भारतीय सांस्कृतिक विरासत को भाजपा सरकार की उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत करना; और तीसरा, कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर परिवारवाद, कानून-व्यवस्था तथा पिछली सरकारों की कथित विफलताओं को लेकर हमला करना।

हालांकि, मुख्यमंत्री के भाषण में किए गए उत्पादन, ऐतिहासिक और राजनीतिक दावों की स्वतंत्र पुष्टि इस रिपोर्ट में नहीं की गई है। ये दावे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संबोधन में दिए गए बयानों के आधार पर प्रस्तुत किए गए हैं।

यह खबर भी पढ़ें:  गुजरात में गर्भवती महिला का गंभीर आरोप: चार लोगों पर बार-बार दुष्कर्म और जबरन धर्म परिवर्तन 



प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Search

About

नई सोच नई ऊर्जा एक RNI-प्रमाणित (Registered with Registrar of Newspapers for India) और डिजिटल न्यूज़ चैनल है, जो निष्पक्ष, तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी खबरों को प्रमुखता से प्रस्तुत करता है।
हम राजनीति, प्रशासन, समाज, अर्थव्यवस्था, संस्कृति और समसामयिक विषयों पर विश्वसनीय समाचार और विश्लेषण पाठकों तक पहुँचाते हैं।

हमारी प्राथमिकता है सत्य, पारदर्शिता और जिम्मेदार पत्रकारिता
ग्राउंड रिपोर्टिंग से लेकर ब्रेकिंग न्यूज़ तक, हमारी टीम खबरों की पुष्टि के बाद ही उन्हें प्रकाशित करती है।

नई सोच नई ऊर्जा का उद्देश्य है—

  • सटीक और भरोसेमंद समाचार
  • लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूती
  • जनआवाज़ को मंच देना
  • डिजिटल माध्यम से त्वरित सूचना

हम मानते हैं कि सही खबर ही समाज को सही दिशा देती है

Gallery