akhilesh-parliament-answer-deadline

लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने संसद में सरकार के जवाब देने को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि संसद में जवाब देने के लिए सरकार जिस समय-सीमा को तय करना चाहती है, वह अपने आप में अलोकतांत्रिक है। उनके मुताबिक, ऐसी समय-सीमा में दिया गया जवाब वास्तविक उत्तर न होकर महज एक औपचारिक और खोखला बयान होगा।

समाजवादी पार्टी की ओर से 12 अगस्त 2026 को जारी बयान में अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार की जिम्मेदारी और जवाबदेही किसी निर्धारित समय-सीमा से तय नहीं होती, बल्कि उत्तरदायित्व के तर्क और संवैधानिक जिम्मेदारी से तय होती है।

‘भाजपा जवाब नहीं देना चाहती’

अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा वास्तव में किसी सवाल का जवाब देना ही नहीं चाहती और वह संसद के सत्र को जल्द समाप्त करने के लिए उतावली है। उन्होंने कहा कि संसद में उठाए जाने वाले गंभीर मुद्दों पर सरकार को जवाबदेही के साथ विस्तृत जवाब देना चाहिए।

सपा प्रमुख ने कहा कि संसद में उठने वाले सवाल महज औपचारिक जिज्ञासाओं का समाधान नहीं हैं। उन्होंने इसे गंभीर मुद्दा बताते हुए कहा कि देश केवल भाषण सुनने के मूड में नहीं है।

‘देश भाषण सुनने के मूड में नहीं’

अखिलेश यादव ने अपने बयान में कहा कि मौजूदा मुद्दा ‘भगवान और इंसान’ दोनों के साथ दुर्व्यवहार और दुर्भावना से जुड़ा बेहद गंभीर विषय है। ऐसे में सरकार से केवल औपचारिक जवाब की अपेक्षा नहीं की जा सकती।

उन्होंने कहा कि संसद लोकतांत्रिक जवाबदेही का प्रमुख मंच है और सरकार को वहां उठाए गए गंभीर सवालों का तथ्यों और तर्क के साथ जवाब देना चाहिए।

संसद में जवाबदेही को लेकर सियासी बयानबाजी तेज

संसद में सरकार के जवाब और समय-सीमा को लेकर अखिलेश यादव के इस बयान के बाद राजनीतिक बहस तेज होने के संकेत हैं। समाजवादी पार्टी ने अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष के बयान के जरिए केंद्र सरकार पर संसद में विपक्ष के सवालों से बचने और सत्र को जल्द समाप्त करने की कोशिश का आरोप लगाया है।

हालांकि, यह बयान समाजवादी पार्टी की ओर से जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के आधार पर है। केंद्र सरकार या भाजपा की ओर से इस बयान पर प्रतिक्रिया सामने आने पर राजनीतिक तस्वीर और स्पष्ट हो सकती है।

यह खबर भी पढ़ें: गोरखपुर में शिवकुमार त्रिपाठी हत्याकांड पर राजेंद्र नाथ त्रिपाठी का बड़ा बयान

Search

About

नई सोच नई ऊर्जा एक RNI-प्रमाणित (Registered with Registrar of Newspapers for India) और डिजिटल न्यूज़ चैनल है, जो निष्पक्ष, तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी खबरों को प्रमुखता से प्रस्तुत करता है।
हम राजनीति, प्रशासन, समाज, अर्थव्यवस्था, संस्कृति और समसामयिक विषयों पर विश्वसनीय समाचार और विश्लेषण पाठकों तक पहुँचाते हैं।

हमारी प्राथमिकता है सत्य, पारदर्शिता और जिम्मेदार पत्रकारिता।
ग्राउंड रिपोर्टिंग से लेकर ब्रेकिंग न्यूज़ तक, हमारी टीम खबरों की पुष्टि के बाद ही उन्हें प्रकाशित करती है।

नई सोच नई ऊर्जा का उद्देश्य है—

  • सटीक और भरोसेमंद समाचार
  • लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूती
  • जनआवाज़ को मंच देना
  • डिजिटल माध्यम से त्वरित सूचना

हम मानते हैं कि सही खबर ही समाज को सही दिशा देती है।

Recent Posts

Gallery