
एलडीए की नई योजना—13 मंजिला बिल्डिंग, नीचे दुकानें और ऊपर प्रीमियम फ्लैट्स; आवंटियों को मिलेगा सवा गुना अधिक क्षेत्र
लखनऊ:
राजधानी लखनऊ में शहरी विकास को नई दिशा देने के लिए लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने बड़ा कदम उठाया है। कैलाशकुंज कॉम्पलेक्स को री-डेवलपमेंट का मॉडल बनाते हुए यहां आधुनिक सुविधाओं से लैस बहुमंजिला इमारत तैयार की जाएगी।
एलडीए की योजना के मुताबिक, आवंटियों की सहमति के आधार पर करीब 110 करोड़ रुपये की लागत से 13 मंजिला नई बिल्डिंग का निर्माण किया जाएगा। इस प्रस्तावित इमारत में ग्राउंड और लोअर फ्लोर पर व्यावसायिक दुकानें होंगी, जबकि ऊपर प्रीमियम फ्लैट्स बनाए जाएंगे।
इस परियोजना की खास बात यह है कि मौजूदा आवंटियों को नई बिल्डिंग में सवा गुना अधिक क्षेत्र दिया जाएगा, जिससे उन्हें पहले से बेहतर और बड़ा स्पेस मिलेगा।
अलीगंज और गोमती नगर में भी तैयारी
एलडीए सिर्फ कैलाशकुंज तक सीमित नहीं है, बल्कि शहर के अन्य प्रमुख क्षेत्रों में भी री-डेवलपमेंट की योजना बना रहा है।
अलीगंज के सेक्टर-जी स्थित पुराने व्यावसायिक कॉम्पलेक्स, जो करीब 11,000 वर्गमीटर क्षेत्र में फैला है और जहां लगभग 100 दुकानें हैं, उसके लिए भी नया प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। री-डेवलपमेंट के तहत यहां 14 मंजिला बिल्डिंग बनाई जाएगी, जिसमें करीब 250 दुकानें और 3 बीएचके श्रेणी के 72 फ्लैट्स शामिल होंगे।
वहीं, गोमती नगर स्थित उजाला कॉम्पलेक्स को भी आधुनिक स्वरूप देने के लिए उसके री-डेवलपमेंट की योजना पर काम शुरू कर दिया गया है।
एलडीए की ये योजनाएं लखनऊ के पुराने कॉम्पलेक्स को आधुनिक और व्यवस्थित बनाने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही हैं, जिससे न सिर्फ शहर की तस्वीर बदलेगी बल्कि आवंटियों और व्यापारियों को भी बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।













